रिपोर्ट सज्जाद आरिफ
दुलमी। सदर अस्पताल रामगढ़ स्थित ब्लड बैंक में रविवार को युवाओं द्वारा स्वेच्छा से रक्तदान कर मानवता की मिसाल पेश की गई। समाजसेवी राजू कुमार महतो के नेतृत्व में आयोजित इस पहल में कई युवाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और जरूरतमंद मरीजों के लिए अपना अमूल्य रक्त दान किया। इस दौरान विपत कुमार, पवन कुमार एवं महेंद्र मुंडा ने निस्वार्थ भाव से रक्तदान कर समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाई।
युवाओं के इस सराहनीय कदम से न केवल जरूरतमंद मरीजों को राहत मिली, बल्कि समाज में एक सकारात्मक संदेश भी गया। रक्तदान के दौरान उपस्थित युवाओं ने कहा कि आज के समय में कुछ युवा भावनाओं में बहकर, विशेषकर इश्क के चक्कर में, अपना अमूल्य रक्त नस काटकर व्यर्थ में बहा देते हैं। यह एक नकारात्मक सोच है। यदि वही रक्त किसी जरूरतमंद को दिया जाए, तो वह किसी के लिए जीवनदान बन सकता है और एक परिवार की खुशियां बचा सकता है।

इस अवसर पर राजू कुमार महतो ने कहा कि रक्तदान महादान है और इससे बड़ा कोई दान नहीं है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे अपनी भावनाओं को सही दिशा में लगाएं और समाजहित में आगे आकर रक्तदान जैसे महान कार्यों में भाग लें। रक्तदाता विपत कुमार ने कहा कि “किसी की जिंदगी बचाने का सुख सबसे बड़ा होता है।
अगर हमारे एक छोटे से प्रयास से किसी की सांसें चलती रहें, तो यही सच्ची सेवा है।” वहीं पवन कुमार एवं महेंद्र मुंडा ने भी युवाओं से नियमित रूप से रक्तदान करने की अपील की। स्थानीय लोगों एवं अस्पताल कर्मियों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रयास समाज में नई ऊर्जा और जागरूकता लाते हैं तथा अन्य युवाओं को भी प्रेरित करते हैं।

युवाओं के लिए संदेश
इश्क में नस काटकर खून बहाना नहीं, बल्कि जरूरतमंद के लिए रक्तदान करना ही सच्ची मानवता है।
अंत में सभी रक्तदाताओं को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई तथा भविष्य में भी इस प्रकार के सामाजिक कार्यों को जारी रखने का संकल्प लिया गया।


