पीवीयूएनएल प्रबंधन ने लंबित मांगों पर सकारात्मक पहल का दिया आश्वासन, 10-15 दिनों में नियमावली प्रस्तुत करने पर बनी सहमति
भुरकुंडा (रामगढ़)। छाई डैम से प्रभावित विस्थापित ग्रामीणों और पीवीयूएनएल प्रबंधन के बीच हुई वार्ता के बाद विभिन्न मांगों पर सहमति बनने से प्रस्तावित कार्य बंदी आंदोलन को फिलहाल स्थगित कर दिया गया है। इस संबंध में विस्थापित एवं प्रभावित ग्रामीण नौजवानों की एक महत्वपूर्ण बैठक बुधवार को मुखिया विजय मुंडा की अध्यक्षता तथा हरि प्रसाद सिंह के संचालन में आयोजित की गई।
बैठक में बताया गया कि बलकुदरा, जयनगर, रसदा एवं गेगदा गांव के ग्रामीणों ने छाई डैम में चल रहे ऐश माउंट कार्य को बंद कराने की घोषणा की थी। इसी बीच 9 जून 2026 को पीवीयूएनएल प्रबंधन ने तीनों पंचायतों के मुखिया विजय मुंडा, लालू महतो, बिजेंद्र मुंडा, जिला परिषद सदस्य राजा राम प्रजापति तथा ग्रामीण प्रतिनिधियों को वार्ता के लिए आमंत्रित किया। वार्ता के दौरान पंचायत प्रतिनिधियों एवं ग्रामीणों ने अपनी लंबित मांगों को गंभीरता से प्रबंधन के समक्ष रखा।
इनमें रोजगार प्राप्त विस्थापित-प्रभावित लोगों को स्थायी रोजगार की व्यवस्था, शेष बेरोजगार विस्थापित युवाओं को अधिकाधिक रोजगार उपलब्ध कराना, उपायुक्त के लिखित निर्देश के अनुरूप विस्थापितों के हित में नियमावली तैयार करना, छाई डैम क्षेत्र में बसे लोगों के पुनर्वास की व्यवस्था, धान फसल का मुआवजा तथा स्थानीय ठेकेदारों को 50 प्रतिशत कार्य आवंटित करने जैसी प्रमुख मांगें शामिल थीं।
ग्रामीणों के अनुसार पीवीयूएनएल प्रबंधन ने अधिकांश मांगों पर सहमति जताई है। साथ ही 10 से 15 दिनों के भीतर विस्थापितों के हित में तैयार की गई नियमावली को क्षेत्र के विधायक, प्रशासनिक अधिकारियों एवं ग्रामीणों के समक्ष प्रस्तुत करने पर भी सहमति बनी है। इसके बाद ग्रामीणों ने छाई डैम कार्य बंदी की घोषणा को स्थगित करने का निर्णय लिया।
बैठक में ग्रामीणों ने यह भी कहा कि यदि भविष्य में पीवीयूएनएल प्रबंधन विस्थापित एवं प्रभावित लोगों के साथ वादाखिलाफी करता है तथा उनकी मांगों को पूरा नहीं करता है, तो वे पुनः आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए बाध्य होंगे और कार्य को बाधित करेंगे। बैठक में अर्जुन सिंह, पंचम शाह, जुमन अंसारी, सुरेश प्रसाद, विनय प्रसाद, मेघा प्रजापति, खिरोधर कुमार, मन्नू कुमार, नीरज उरांव, शाहबाज अंसारी, नंदू प्रजापति, अमित कुमार, नवनीत प्रजापति, धीरज साहू, साहिल राजा, गणेश यादव, आदित्य कुमार, देवनाथ ठाकुर सहित सैकड़ों ग्रामीण उपस्थित थे।