बलकुदरा में आंदोलन की चेतावनी, 31 अक्टूबर को सौंपेंगे मांग पत्र
भुरकुंडा (रामगढ़)। सीसीएल बरका सयाल क्षेत्र अंतर्गत भुरकुंडा परियोजना के विस्थापित-प्रभावितों ने बुधवार को बलकुदरा पंचायत भवन प्रांगण में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर भुरकुंडा लोकल सेल को लेकर प्रबंधन और प्रशासन पर जमकर निशाना साधा। कहा गया कि लोकल सेल खुलने में कुछ लोगों के साथ-साथ सीसीएल और प्रशासन की उदासीनता भी बड़ी बाधा बन गई है। इससे स्थानीय विस्थापित बेरोजगारी और उपेक्षा का दंश झेल रहे हैं।
विस्थापितों ने चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगों पर जल्द निर्णय नहीं हुआ तो आंदोलन तेज होगा। इसी कड़ी में 31 अक्टूबर को परियोजना पदाधिकारी को मांगपत्र सौंपा जाएगा। प्रमुख मांगों में बलकुदरा को लोकल सेल में 20 प्रतिशत हिस्सा देने की मांग सबसे अहम है। बलकुदरा सीसीएल भूमि पर संचालित शराब भट्ठी को तत्काल बंद कराया जाए, संचालकों पर कानूनी कार्रवाई हो।
खाली पड़ी सीसीएल जमीन का समतलीकरण कर खेती के लिए ग्रामीणों को उपलब्ध कराई जाए। अत्यधिक उत्खनन से जलस्तर नीचे चला गया है, जिससे पेयजल व सिंचाई संकट बढ़ा है।ओपन खदानों को जल्द से जल्द ओबी डंप कर समतलीकरण किया जाए। निर्माणाधीन इको पार्क में बलकुदरा के बेरोजगारों को शत प्रतिशत रोजगार दिया जाए।
विस्थापित-प्रभावितों ने स्पष्ट कहा एक सप्ताह के भीतर ठोस पहल नहीं हुई तो बलकुदरा उत्खनन कार्य को अनिश्चितकालीन जाम कर दिया जाएगा। इसकी पूरी जवाबदेही सीसीएल प्रबंधन और प्रशासन की होगी। प्रेस कॉन्फ्रेंस में बलकुदरा पंचायत मुखिया विजय मुंडा, पूर्व पार्षद झरी मुंडा, विजय साहू, योगेन्द्र यादव, राजाराम प्रसाद, राजू मुंडा, संजय यादव, उकेश यादव, अजय यादव सहित अन्य मौजूद थे।


