समिति के 12 सूत्री मांगों पर हुई चर्चा, प्रबंधन ने सभी मांगों पर सकारात्मक पहल का दिया आश्वासन
भुरकुंडा (रामगढ़)। महाप्रबंधक कार्यालय बरका-सयाल में शुक्रवार को सीसीएल प्रबंधन एवं विस्थापित प्रभावित संघर्ष समिति के बीच द्विपक्षीय वार्ता हुई। बैठक में बरका-सयाल महाप्रबंधक अजय कुमार सिंह, भुरकुंडा परियोजना पदाधिकारी राकेश कुमार सत्यार्थी, प्रबंधक अविनाश चंद्रा तथा समिति की ओर से गिरधारी गोप, रामदास बेदिया, कार्तिक मुंडा, संतोष यादव, प्रेम कुमार साहू, मनोज मांझी, जयदेव सिंह, राजदेव मुंडा, गणेश बेदिया, राजन तुरी, ताराचंद करमाली, धनेश्वर मुंडा, शिवलाल बेदिया, दिनेश बेदिया, रघुनाथ सिंह, कालेश्वर बेदिया, इंद्रदेव मुंडा, शिवचरण बेदिया मुख्य रूप से उपस्थित थे।
बैठक में सीसीएल प्रबंधन ने समिति द्वारा सौंपे गए 12 सूत्री मांगों पर विस्तार पूर्वक चर्चा की। साथ ही प्रबंधन ने समिति को आश्वास्त किया कि समस्या के समाधान हेतु साकारात्मक कदम उठाया जाएगा। इस दौरान प्रबंधन ने एक सप्ताह में समिति को लिखित मिनिट्स भी उपलब्ध कराने की बात कही। जिस पर समिति ने लिखित मिनिट्स का अध्यन एवं समीक्षा करने के बाद अगली कदम उठाने की बात कही।
बैठक में महाप्रबंधक ने खास तौर पर वैकल्पिक रोजगार, रोड सेल, सीएसआर, पेयजल, चिकित्सा, सौर ऊर्जा कार्यों को प्राथमिकता देने का निर्देश अपने अधीनस्त अधिकारियों और कर्मचारियों को दी। साथ ही 15 दिनों के अंदर पुनः प्रबंधन और समिति के सदस्यों के बीच वार्ता करने की बात कही। प्रबंधन ने भुरकुंडा कोलियरी से प्रभावित कुरसे, देवरिया, बलकुदरा, दंुदुवा सहित अगल-बगल के दर्जनों गांवों में युद्ध स्तर पर सीएसआर कार्यों को धरातल पर उतरने की भी बात कही।

विस्थापित प्रभावित संघर्ष समिति की 12 सूत्री मांगों में ये है शामिल
विस्थापित प्रभावित संघर्ष समिति की 12 सूत्री मांगों में भुरकुंडा कोलियरी अंतर्गत बलकुदरा खुली खदान से उत्पादित कोयला का 75 प्रतिशत आवंटन रोड सेल में देने, रोड सेल चालू कर विस्थामित-प्रभावित गांव के रैयतों/ग्रामीणो और स्थानीय बेरोजगारों को वैकल्पिक रोजगार देने, बलकुदरा खुली खदान में प्रबंधन द्वारा दिये गये
आश्वासन के आलोक में पीएसएमई कम्पनी में विस्थापित-प्रभावित संघर्ष समिति द्वारा सौंपे गये सूची के अनुसार बीस लोगों को अविलंब रोजगार देने, भुरकुंडा कोलियरी अन्तर्गत खाली भूमि/अनुपयोगी भूमि को प्राथमिकता के आधार पर स्वरोजगार/वैकल्पिक रोजगार के साधान हेतू विस्थापित प्रभावित गाव (देवरिया, कुरसे, दंुदुवा, बलकुदरा के रैयतों को आवंटित करने, भुरकुंडा कोलियरी रोड सेल में पेलोडर लोडिंग की जगह मैनुअल लोडिंग की व्यवस्था करने,
भुरकुंडा कोलियरी से विस्थापित-प्रभावित गांव में सीसीएल प्रबंधन द्वारा निःशुल्क पेयजल एवं विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने, भुरकुंडा आर्दश क्षेत्रीय अस्पताल में निःशुल्क समुचित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने, भुरकुंडा कोलियरी से विस्थापित/प्रभावित गांव के छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा, व्यवसायिक शिक्षा, तकनीकि शिक्षा हेतू आवश्यक पर्याप्त अनुदान देने, सीसीएल बरका-सयाल क्षेत्र में स्थापित/सचालित डीएभी स्कूल में रैयतों/ग्रामीणों के बच्चो को नामांकन में प्राथमिकता एवं शिक्षण शुल्क में रियायत देने,
भुरकुंडा कोलियरी में पूर्व स्थापित केन्द्रीय विद्यालय (सेन्ट्रल स्कूल) को क्षेत्रहित/जनहित में भुरकुंडा क्षेत्र में ही पुनः स्थापित करने, भुरकुण्डा कोलियरी अन्तर्गत ऑफिसर्स क्लब को वैवाहिक, सामाजिक, सांस्कृतिक कार्यों हेतू प्राथमिकता के आधार पर विस्थापित/प्रभावित गांव के रैयतों/ग्रामवासियों को आवंटन सुनिश्चित करने एवं भुरकुंडा कोलियरी अंतर्गत भुरकुण्डा थाना स्थित मैदान का सुन्दरीकरण कर स्टेडियम के रूप में विकसित करने
और थाना मैदान में होने वाले खेल-कूद और अन्य आयोजनो में प्रभावित गांवों के रैयतों की सहमति, स्वीकृति/भागीदारी सुनिश्चित करने, बलकुदरा खुली खदान में कायेला उत्पादन हेतू हैवी ब्लॉस्टिंग से होने वाले समस्याओं का निराकरण हेतू आवश्यक कदम उठाने, विस्थापित प्रभावित गांव में सीएसआर मद से समुचित विकास कार्य कराने, सीएसआर कार्यों में प्रभावित गांवों को प्राथमिकता देने आदि मांगे शामिल है।


