समाचार संध्या सत्य • निष्पक्षता • विश्वास
BREAKING NEWS
एसवीएम तेहरातांड़ में सीएसआर के तहत स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित, 43 स्कूली बच्चों की हुई जांचझारखण्ड के मुख्यमंत्री सह झामुमो केन्द्रीय अध्यक्ष हेमन्त सोरेन के 51वें जन्मदिन मनायाJPSC के पूर्व अध्यक्ष एल खियांग्ते को CID ने किया गिरफ्तारजमीन विवाद में दो बुजुर्गों की धारदार हथियार से हत्या, पुलिस ने चार आरोपियों को लिया हिरासत मेंझारखंड में प्रदर्शन कर रहे स्टूडेंट्स पर क्या बोले हेमंत सोरेनअंतरराज्यीय आपराधिक गिरोह पर शिकंजा, कोरई गैंग के 11 अभियुक्तों को भेजा जेलविश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर उपायुक्त ने भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा पर किया माल्यार्पण, अर्पित किए श्रद्धा सुमनJPSC-JSSC विवाद में निर्जला अनशन पर बैठे जयराम महतो, बोले- CBI जांच हो, CM छात्रों से करें सीधी बातरामगढ़-पतरातू फोरलेन पर कुरसे गांव के निकट धूं-धूं कर जली बाइक, चालक फरार, जांच में जुटी भदानीनगर पुलिसझारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन बोले, 'छात्रों से बातचीत को तैयार सरकाररांची- भूख हड़ताल पर बैठे एक शख़्स की तबीयत बिगड़ी, अस्पताल में किया गया शिफ़्टपरिसीमन विधेयक पर डीएमके क्या मोदी सरकार का साथ देगी?कांग्रेस के समर्थन से चल रही झारखंड सरकार के ख़िलाफ़ प्रदर्शन कर रहे स्टूडेंट्स से राहुल ने की बातहूती के हमलों में यमन की सेना के कम से कम 30 जवानों की मौतसीरिया को लेकर तुर्की और इसराइल आए आमने-सामने
BREAKING
एसवीएम तेहरातांड़ में सीएसआर के तहत स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित, 43 स्कूली बच्चों की हुई जांचझारखण्ड के मुख्यमंत्री सह झामुमो केन्द्रीय अध्यक्ष हेमन्त सोरेन के 51वें जन्मदिन मनायाJPSC के पूर्व अध्यक्ष एल खियांग्ते को CID ने किया गिरफ्तारजमीन विवाद में दो बुजुर्गों की धारदार हथियार से हत्या, पुलिस ने चार आरोपियों को लिया हिरासत मेंझारखंड में प्रदर्शन कर रहे स्टूडेंट्स पर क्या बोले हेमंत सोरेनअंतरराज्यीय आपराधिक गिरोह पर शिकंजा, कोरई गैंग के 11 अभियुक्तों को भेजा जेलविश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर उपायुक्त ने भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा पर किया माल्यार्पण, अर्पित किए श्रद्धा सुमनJPSC-JSSC विवाद में निर्जला अनशन पर बैठे जयराम महतो, बोले- CBI जांच हो, CM छात्रों से करें सीधी बातरामगढ़-पतरातू फोरलेन पर कुरसे गांव के निकट धूं-धूं कर जली बाइक, चालक फरार, जांच में जुटी भदानीनगर पुलिसझारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन बोले, ‘छात्रों से बातचीत को तैयार सरकाररांची- भूख हड़ताल पर बैठे एक शख़्स की तबीयत बिगड़ी, अस्पताल में किया गया शिफ़्टपरिसीमन विधेयक पर डीएमके क्या मोदी सरकार का साथ देगी?

सभी मेन्यू देखें

हमें फॉलो करें

Select City

लेटेस्ट अपडेट्स

एसवीएम तेहरातांड़ में सीएसआर के तहत स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित, 43 स्कूली बच्चों की हुई जांच
2 days ago
झारखण्ड के मुख्यमंत्री सह झामुमो केन्द्रीय अध्यक्ष हेमन्त सोरेन के 51वें जन्मदिन मनाया
2 days ago
JPSC के पूर्व अध्यक्ष एल खियांग्ते को CID ने किया गिरफ्तार
2 days ago
जमीन विवाद में दो बुजुर्गों की धारदार हथियार से हत्या, पुलिस ने चार आरोपियों को लिया हिरासत में
2 days ago
झारखंड में प्रदर्शन कर रहे स्टूडेंट्स पर क्या बोले हेमंत सोरेन
3 days ago

अवैध खनन पर सुप्रीम कोर्ट सख्त- यूपी समेत तीन राज्यों को फटकार; फर्जी नंबर वाले वाहनों पर कार्रवाई के निर्देश

हमारे व्हाट्सप्प ग्रुप से जुडने के लिए यहाँ क्लिक करें! विज्ञापन सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश...
विज्ञापन
सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश सरकारों को चंबल अभयारण्य में अवैध रेत खनन रोकने के लिए तुरंत प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने सीसीटीवी, भर्ती और सख्त कार्रवाई पर जोर दिया।

चंबल घड़ियाल अभयारण्य में लगातार बढ़ रहे अवैध रेत खनन को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को सख्त रुख अपनाया। अदालत ने राजस्थान, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश सरकारों को तत्काल प्रभाव से प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने कहा कि अवैध खनन रोकने के लिए राज्यों को निगरानी व्यवस्था मजबूत करनी होगी और खाली पड़े वन रक्षक पदों पर जल्द भर्ती करनी होगी।

सुप्रीम कोर्ट की जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की पीठ ने इस मामले की सुनवाई की। अदालत ने मध्य प्रदेश के मुरैना जिले में बिना नंबर और बिना रजिस्ट्रेशन वाले वाहनों से अवैध रेत ढुलाई की मीडिया रिपोर्ट का भी संज्ञान लिया। कोर्ट ने इस पर नाराजगी जताते हुए कहा कि अगर रिपोर्ट सही है तो अधिकारियों ने अदालत में गलत हलफनामा दाखिल किया है।

विज्ञापन

CCTV और निगरानी व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश
सुप्रीम कोर्ट ने तीनों राज्यों को प्रभावित इलाकों में सीसीटीवी कैमरे, कंट्रोल सेंटर और मॉनिटरिंग सिस्टम लगाने के निर्देश दिए हैं। अदालत ने कहा कि यह काम युद्ध स्तर पर किया जाए और छह महीने के भीतर सभी निगरानी व्यवस्था पूरी तरह चालू होनी चाहिए। कोर्ट ने यह भी कहा कि जिन वाहनों का इस्तेमाल अवैध खनन में हो रहा है, उनके खिलाफ तुरंत कार्रवाई की जाए। फर्जी नंबर प्लेट या बिना रजिस्ट्रेशन वाले वाहनों को जब्त कर कानूनी प्रक्रिया शुरू करने के आदेश दिए गए हैं।

Advertisement
Advertisement

सिर्फ ड्राइवर नहीं, मालिकों पर भी होगी कार्रवाई
अदालत ने स्पष्ट किया कि कार्रवाई केवल वाहन चालक तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। अवैध खनन नेटवर्क से जुड़े वाहन मालिकों, ठेकेदारों और अन्य लोगों के खिलाफ भी आपराधिक मुकदमा दर्ज किया जाए। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने वन विभाग के कर्मचारियों पर बढ़ते हमलों को लेकर भी चिंता जताई। अदालत ने कहा कि फील्ड लेवल पर कर्मचारियों की संख्या बढ़ाना जरूरी है, ताकि अवैध खनन पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।

स्थानीय लोगों के रोजगार पर भी जोर
कोर्ट ने राज्यों को यह भी सुझाव दिया कि प्रभावित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के लिए विशेष रोजगार योजनाएं और स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम शुरू किए जाएं। साथ ही स्थानीय समुदायों को संरक्षण, वृक्षारोपण, इको-टूरिज्म और निगरानी कार्यों से जोड़ने की संभावनाएं तलाशने को कहा गया है। सुप्रीम कोर्ट अब इस मामले की अगली सुनवाई जुलाई में करेगा। इससे पहले अदालत ने 17 अप्रैल को भी अवैध रेत खनन को लेकर चिंता जताते हुए कहा था कि कोर्ट इस मामले में मूक दर्शक नहीं बना रह सकता।

चंबल अभयारण्य क्यों है खास?
राष्ट्रीय चंबल घड़ियाल अभयारण्य राजस्थान, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में फैला करीब 5400 वर्ग किलोमीटर का संरक्षित क्षेत्र है। यह दुर्लभ घड़ियाल, गंगा डॉल्फिन और रेड क्राउन रूफ टर्टल जैसे संकटग्रस्त जीवों का घर माना जाता है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि लगातार हो रहा अवैध खनन इस संवेदनशील पारिस्थितिकी तंत्र के लिए गंभीर खतरा बनता जा रहा है। इसी को देखते हुए अदालत ने तीनों राज्यों को सख्त और समन्वित कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

G. Reddy

जी रेड्डी एक अनुभवी पत्रकार हैं, जो निष्पक्ष और सटीक रिपोर्टिंग के लिए जाने जाते हैं। वे "समाचार संध्या" नामक वेब पोर्टल संचालित करते हैं, जो समसामयिक घटनाओं पर गहरी विश्लेषणात्मक रिपोर्टिंग करता है। उनका उद्देश्य समाज को सही और विश्वसनीय जानकारी प्रदान करना है।
Scroll to Top