रिपोर्ट एस. कुमार
सिरका। गिद्दी सी वर्कशॉप में 100 प्रतिशत संडे की मांग को लेकर संयुक्त मोर्चा के द्वारा पिट मीटिंग आयोजित की गई। इसकी अध्यक्षता बैजनाथ मिस्त्री ने की, जबकि संचालन जन्मेजय सिंह ने किया। पिट मीटिंग में गिद्दी सी के मजदूरों को संबोधित करते हुए मजदूर नेता पुरुषोत्तम पाण्डेय, गौतम बनर्जी, जन्मेजय सिंह, शशि अजुन और बैजनाथ मिस्त्री ने कहा कि एक तरफ केंद्र सरकार लेबर कोड लाकर मजदूरों के हितों को प्रभावित कर रही है, वहीं दूसरी ओर प्रबंधन के कथित तानाशाही रवैये से मजदूर त्रस्त हैं।
वक्ताओं ने कहा कि अरगड्डा प्रबंधन द्वारा प्रत्येक यूनिट में संडे के नाम पर मजदूरों के साथ शोषण और मनमानी की जा रही है। उन्होंने कहा कि चार दिन काम के बाद मजदूरों को संडे दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि पिछले तीन वर्षों से अरगड्डा एरिया उत्पादन लक्ष्य प्राप्त करने में पूरे सीसीएल में नंबर एक पर है। इसके बावजूद यहां के मजदूरों को संडे का लाभ नहीं मिल रहा है। कुछ जगहों पर मनमाने तरीके से पिक एंड चूज के आधार पर संडे दिया जा रहा है।
वहीं कार्यालयों में भी कर्मियों को संडे नहीं दिया जा रहा है। जीएम कार्यालय में एक-दो कर्मियों को छोड़कर अन्य कर्मियों को संडे नहीं दिए जाने की बात कही गई। इसी तरह सिरका ऑफिस, रेलीगढ़ा ऑफिस, गिद्दी ए और गिद्दी सी ऑफिस में भी स्थिति समान होने का आरोप लगाया गया। संयुक्त मोर्चा ने मांग की कि अरगड्डा प्रबंधन पूरे एरिया में मजदूरों को 100 प्रतिशत संडे का लाभ दे। ऐसा नहीं होने पर आंदोलन का रास्ता अख्तियार करने की चेतावनी दी गई।
इस दौरान उपस्थित मजदूरों ने एक स्वर में नारेबाजी करते हुए मांग पूरी नहीं होने पर आंदोलन करने की बात कही। पिट मीटिंग में मुख्य रूप से जवाहर यादव, सियाराम सिंह, अनिल मांझी, जय प्रकाश यादव, कुमार मुंडा, नीरज महतो, लखन बेदिया, काला पत्थर, परशुराम सतनामी, जितेंद्र कपारदार, बिनोद महतो, सुभाष बेदिया, मनोज मांझी, गंगा, बिनोद मुंडा, झारी मांझी सहित सैकड़ों मजदूर उपस्थित थे।
