कोयला डिस्पैच और परिवहन कार्य ठप करने की चेतावनी, प्रबंधन को ठहराया जिम्मेदार
भुरकुंडा (रामगढ़)। भुरकुंडा कोलियरी रोडसेल समिति ने सीसीएल प्रबंधन पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए आगामी 2 जून को कोलियरी से होने वाले कोयला एवं ओबी डिस्पैच तथा परिवहन कार्य को पूरी तरह ठप करने की चेतावनी दी है। इस संबंध में समिति की ओर से परियोजना पदाधिकारी भुरकुंडा को पत्र सौंपकर आंदोलन की जानकारी दी गई है।.
समिति ने पत्र में उल्लेख किया है कि 16 मई को सीसीएल प्रबंधन और भुरकुंडा कोलियरी रोडसेल समिति के बीच द्विपक्षीय वार्ता हुई थी, जिसमें प्रबंधन द्वारा कई महत्वपूर्ण आश्वासन दिए गए थे। लेकिन अब तक उन आश्वासनों को पूरा नहीं किया गया, जिससे समिति के सदस्यों में भारी नाराजगी व्याप्त है। रोडसेल समिति का कहना है कि प्रबंधन की वादाखिलाफी के विरोध में 2 जून से भुरकुंडा कोलियरी से होने वाले सभी प्रकार के कोयला डिस्पैच और परिवहन कार्य को बंद कर दिया जाएगा।
समिति ने साफ कहा है कि आंदोलन के कारण यदि उत्पादन, डिस्पैच और परिवहन कार्य प्रभावित होता है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी सीसीएल प्रबंधन की होगी। पत्र में गिरधारी गोप, मुकेश कुमार, रविंद्र सिंह, हरिशंकर चौधरी, रावेल एक्का अमरेंद्र प्रसाद, प्रदीप मांझी आदि के हस्ताक्षर अंकित हैं। पत्र की प्रतिलिपि महाप्रबंधक सीसीएल बरका–सयाल क्षेत्र, प्रबंधक बीएलए आउटसोर्सिंग कंपनी भुरकुंडा और थाना प्रभारी भुरकुंडा को भी प्रेषित की गई है।

